Ranghun Tola Sangwari Re

“Ranghun Tola Sangwari Re” Chhattisgarhi Panthi Album Song Lyrics from holi Geet Album “Ranghun Tola Sangwari Re” This song is sung by Sunil Soni, Shivani Janghel Chhattisgarhi Album “Ranghun Tola Sangwari Re” Released on Mar 4, 2023

Lyrics

स्थायी
रंगहूं तोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे
रंगहूं तोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे
रंग दे मोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे
रंग दे मोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे

अंतरा 1
फागुन महिना उड़े गुलाल
कोयली कस बोली हिरनी के चाल
फागुन महिना उड़े गुलाल
कोयली कस बोली हिरनी के चाल
मन म फुले फूलवारी रे, फुलवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे
रंगहूं तोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे

अंतरा 2
आमा हा मउरे मउहा गेदराए
संगी तोर बिना रेहे नई जाए
आमा हा मउरे मउहा गेदराए
संगी तोर बिना रेहे नई जाए
डोला ले आ मोर दुवारी रे, मोर दुवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे
रंग दे मोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे

अंतरा 3
ए सरसो फूल संग परसा के रंग
मन मोर नाचे होके मतंग
सरसो फूल संग परसा के रंग
मन मोर नाचे होके मतंग
मैं राधा तैं बनवारी रे, बनवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे
तैं राधा मैं बनवारी रे, बनवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे
रंग दे मोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे
रंगहूं तोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे
रंग दे मोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के तैं पिचकारी रे
रंगहूं तोला संगवारी रे, संगवारी रे
मार के मैं पिचकारी रे

Lyrics | Chhattisgarhi Album Song

SingersSunil Soni, Shivani Janghel
AlbumRanghun Tola Sangwari Re