Rang au gulal ma ka mohni dare

“Rang au gulal ma ka mohni dare” Chhattisgarhi Panthi Album Song Lyrics from holi Geet Album “Rang au gulal ma ka mohni dare” This song is sung by Dukalu yadav Chhattisgarhi Album “Rang au gulal ma ka mohni dare” Released on Feb 2, 2017

Lyrics

स्थायी
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे
दुनिया मोहागे तोर मोहनी म कन्हैया
दुनिया मोहागे तोर मोहनी म कन्हैया
कोन जनी का जादू मंतर ला मारे
कोन जनी का जादू मंतर ला मारे

अंतरा 1
राधा ला मोही डारे तोर मया के रंग म
कोन जनी का घोर के डारे ओखर अंग म
अरे डारे ओखर अंग म जी डारे ओखर अंग म
कोन जनी का घोर के डारे ओखर अंग म
मन मोहे मोहना बजा के तैं बांसुरिया
रास ल रचाए जमुना किनारे
रास ल रचाए जमुना किनारे

अंतरा 2
मीरा मोहागे अउ होगे तोर दिवानी
तोर नाव कर दिस वो अपन जिन्दगानी
अरे अपन जिन्दगानी वो अपन जिन्दगानी
तोर नाव कर दिस वो अपन जिन्दगानी
राज पाठ छोड़े अउ बन गे वो जोगनिया
तोर दरस के खातिर तोला पुकारे
तोर दरस के खातिर तोला पुकारे

अंतरा 3
भक्ति के रंग में तोर मोहागे सुदामा
कई ठन रूप धरे हरे कृष्णा रामा
हरे कृष्णा रामा हो हरे कृष्णा रामा
कई ठन रूप धरे हरे कृष्णा रामा
तोर प्रेम रंग में मोहागे गा कोसरिया
फागुन के रंग म सब ला मिंझारे
फागुन के रंग म सब ला मिंझारे
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे
रंग अउ गुलाल म का मोहनी डारे

Lyrics | Chhattisgarhi Album SongLyrics

Singers
Dukalu yadav
AlbumRang au gulal ma ka mohni dare